मोहिनी एकादशी हिंदू धर्म में सबसे शुभ एकादशियों में से एक है। हिंदू पंचांग के अनुसार यह बेहद महत्वपूर्ण दिन है। कई हिंदू भक्त अत्यधिक भक्ति और पवित्रता के साथ भगवान विष्णु की पूजा करते हैं। हर माह शुक्ल पक्ष और कृष्ण पक्ष की 11वीं तिथि को एकादशी आती है। मोहिनी एकादशी वैशाख माह के शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि (11वें दिन) को आती है। इस वर्ष मोहित एकादशी 27 अप्रैल 2026 को मनाई जाने वाली है।
मोहिनी एकादशी 20026 कब है?
एकादशी तिथि आरंभ – 26 अप्रैल, 2026 – शाम 06:06 बजेएकादशी तिथि समाप्त – 27 अप्रैल, 2026 – शाम 06:15 बजेपारण का समय – 28 अप्रैल, 2026 – 28 अप्रैल, 2026 – प्रातः 05:43 बजे से प्रातः 08:21 बजे तकपारण दिवस द्वादशी समाप्ति क्षण – 28 अप्रैल, 2026 – 06:51 अपराह्न
मोहिनी एकादशी 2026 : महत्व
मोहिनी एकादशी सबसे शुभ और पवित्र एकादशियों में से एक है। यह दिन भगवान विष्णु की पूजा-अर्चना के लिए बेहद शक्तिशाली माना जाता है। इस दिन लोग बेहद खुश और आनंदित रहते हैं। हिंदू धर्मग्रंथों के अनुसार, माना जाता है कि भगवान विष्णु राक्षसों से अमृत कलश प्राप्त करने के लिए मोहिनी एकादशी के इस शुभ दिन पर एक अप्सरा (अप्सरा) के रूप में प्रकट हुए थे। ऐसा माना जाता है कि भगवान विष्णु का मोहिनी अवतार इतना मनोरम और मनमोहक था कि सभी राक्षस इस अप्सरा की ओर आकर्षित हो गए और अपनी सुध-बुध खो बैठे। निर्जला एकादशी के बाद मोहिनी एकादशी सबसे प्रसिद्ध में से एक है। इस दिन जो व्यक्ति भगवान की पूजा करता है उसे जीवन में सभी सुख-समृद्धि प्राप्त होती है।
मोहिनी एकादशी 2026: पूजा अनुष्ठान
1. सुबह उठते ही नहा लें।2. एक लकड़ी के तख्ते पर भगवान विष्णु की मूर्ति और श्रीयंत्र रखें।3. देसी घी का दीया जलाएं, चंदन का तिलक लगाएं और मूर्ति को फूल, माला और तुसली पत्र से सजाएं।3. पंचामृत, पंच फल (पांच मौसमी फल), और घर की बनी मिठाई अर्पित करें।4. भक्तों द्वारा विष्णु सहस्त्रनाम और श्री हरि स्तोत्रम का पाठ किया जाता है।5. भगवान कृष्ण और विष्णु के मंदिर जाकर आशीर्वाद लें।
मंत्र
1. ॐ नमो भगवते वासुदेवाय नमः..!!2. श्री कृष्ण गोविंद हरे मुरारी हे नाथ नारायण वासुदेवा..!!3. हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे, हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे..!!